1 अक्टूबर को देश-दुनिया में अंतरराष्ट्रीय वृद्धजन दिवस (International Day of Older Persons) के रूप में मनाया जा रहा है। इस अवसर पर रेवाड़ी स्थित वृद्धाश्रम में एक विशेष सम्मान समारोह और संवाद कार्यक्रम का आयोजन किया गया। यह कार्यक्रम भारत सरकार के युवा कार्यक्रम एवं खेल मंत्रालय के तत्वावधान में 'मेरा युवा भारत' (MY Bharat), रेवाड़ी इकाई द्वारा आयोजित किया गया।

कार्यक्रम के दौरान वृद्धाश्रम में रह रहे बुजुर्गों और वरिष्ठ नागरिकों को शॉल, फल एवं सम्मान पत्र भेंट कर सम्मानित किया गया। समाज निर्माण में उनके वर्षों के अनुभव, योगदान और मार्गदर्शन के लिए युवाओं ने उनके प्रति अपनी कृतज्ञता व्यक्त की।

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वृद्धाश्रम के शांत प्रांगण में गुरुवार सुबह का माहौल आम दिनों से अलग था। युवा स्वयंसेवकों ने बुजुर्गों के साथ न केवल समय बिताया, बल्कि उनके जीवन के अनुभवों और संघर्षों की कहानियों को भी सुना। कार्यक्रम का मुख्य उद्देश्य युवा पीढ़ी और बुजुर्गों के बीच की खाई को कम करना और वरिष्ठ नागरिकों को यह अहसास कराना था कि समाज आज भी उनके अमूल्य योगदान को याद रखता है।

आयोजन समिति के प्रतिनिधियों ने बताया कि आज के भागदौड़ भरे जीवन में बुजुर्ग अक्सर एकाकीपन का शिकार हो जाते हैं। ऐसे में 'मेरा युवा भारत' मंच के माध्यम से युवाओं को सामाजिक सरोकारों से जोड़ना और वरिष्ठ नागरिकों को सम्मानजनक जीवन प्रदान करना प्राथमिकता है।

बदलते सामाजिक परिवेश और एकल परिवारों (nuclear families) के बढ़ते दौर में यह कार्यक्रम केवल एक औपचारिक आयोजन नहीं, बल्कि एक नैतिक संदेश है। आम नागरिक के लिए इसका सीधा मतलब यह है कि समाज की प्रगति केवल आधुनिकता या तकनीक से नहीं बल्कि अपने बुजुर्गों के सम्मान और देखभाल से तय होती है। अगर युवा पीढ़ी वरिष्ठ नागरिकों के अनुभव को अपना मार्गदर्शन बनाए, तो सामाजिक ताना-बाना और अधिक मजबूत हो सकता है।

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प्रशासनिक और विभागीय स्तर पर मिली जानकारी के अनुसार इस तरह के संवाद कार्यक्रमों को केवल एक दिन तक सीमित न रखकर नियमित बनाने की योजना है। 'मेरा युवा भारत' के स्वयंसेवक रेवाड़ी और आसपास के इलाकों में वरिष्ठ नागरिकों के लिए स्वास्थ्य जांच शिविर, डिजिटल साक्षरता (जैसे स्मार्टफोन और ऑनलाइन पेमेंट का बुनियादी प्रयोग सिखाना) और नियमित सामाजिक मुलाकातों के सत्र आयोजित करेंगे।