हरियाणा की महिला एवं बाल विकास तथा सिंचाई मंत्री श्रुति चौधरी ने अपने गृह क्षेत्र तोशाम में आयोजित एक कार्यक्रम के दौरान राजनीतिक विरोधियों पर तीखे प्रहार करने के साथ-साथ प्रशासनिक लापरवाही पर भी कड़ा रुख अपनाया है। मंत्री ने विभागीय बैनर में मुख्यमंत्री, प्रधानमंत्री और खुद उनकी तस्वीरों को Artificial Intelligence (AI) के जरिए बिगाड़कर या बदलकर पेश करने पर सख्त नाराजगी जताई और जिम्मेदार अधिकारियों के खिलाफ कार्रवाई का ऐलान किया है।

"असली तस्वीरें मौजूद हैं तो AI का गलत इस्तेमाल क्यों?" 

कार्यक्रम के दौरान जब मीडिया ने श्रुति चौधरी का ध्यान उनके ही विभाग द्वारा लगाए गए एक आधिकारिक बैनर की ओर दिलाया, तो विवाद खड़ा हो गया। बैनर में प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी, मुख्यमंत्री नायब सिंह सैनी और खुद श्रुति चौधरी के चेहरों को AI से इस तरह री-क्रिएट किया गया था कि उनके स्वरूप बदले और अजीब नजर आ रहे थे।

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इस पर कड़ा ऐतराज जताते हुए श्रुति चौधरी ने कहा, "मैंने खुद उस बैनर को देखा है। जब देश के शीर्ष नेतृत्व और मंत्री की वास्तविक फोटोग्राफ आसानी से उपलब्ध हैं, तो AI के जरिए चेहरों को बिगाड़ना या बदलना बिल्कुल गलत प्रथा है। ऐसा काम कतई नहीं होना चाहिए। मैं इस मामले को बेहद गंभीरता से ले रही हूँ और जिम्मेदार लोगों के खिलाफ तुरंत कार्रवाई के आदेश जारी किए जाएंगे।"

कांग्रेस के 'वोट चोरी' के आरोपों पर पलटवार: "शुरुआत तोशाम से ही कर लो" 

चुनाव आयोग और मतदान प्रक्रिया पर कांग्रेस द्वारा लगाए जा रहे 'वोट चोरी' के आरोपों पर चुटकी लेते हुए कैबिनेट मंत्री ने विपक्ष की मंशा पर सवाल उठाए। उन्होंने कहा कि अगर कांग्रेस को जरा सा भी लगता है कि वोटों की चोरी हुई है, तो वे सबसे पहले तोशाम विधानसभा क्षेत्र से ही इसकी निष्पक्ष जांच करा लें। उन्होंने पत्रकारों से भी अपील की कि वे गांव-गांव जाकर आम जनता से पूछें कि क्या किसी के वोट के साथ धोखाधड़ी हुई है।

किसाऊ परियोजना से टेल तक पहुंचेगा पानी 

सिंचाई विभाग की उपलब्धियों पर बात करते हुए श्रुति चौधरी ने बताया कि हरियाणा की वर्षों पुरानी किसाऊ बहुउद्देशीय परियोजना (Kisau Project) को अब सरकार के स्तर पर तेजी से आगे बढ़ाया जा रहा है। इस परियोजना के अमल में आने से यमुना में लगभग 1300 क्यूसेक अतिरिक्त पानी आएगा, जिससे दक्षिण हरियाणा और तोशाम के अंतिम छोर (टेल) तक पानी की निर्बाध आपूर्ति संभव हो सकेगी। धान (जीरी) की खेती में पानी की अधिक खपत को देखते हुए नहरी नेटवर्क के लीकेज और बर्बादी को रोकने के लिए आधुनिक जल प्रबंधन तकनीकें अपनाई जा रही हैं।

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तोशाम को मिली 10 करोड़ के बाईपास की सौगात 

क्षेत्रीय विकास पर बात करते हुए कैबिनेट मंत्री ने तोशाम वासियों को बड़ी सौगात देने की घोषणा की। उन्होंने बताया कि इलाके की लंबे समय से लंबित मांग को पूरा करते हुए लगभग 10 करोड़ रुपये की लागत से तोशाम बाईपास का निर्माण कार्य जल्द शुरू किया जाएगा। इसके अलावा आसपास के गांवों को मुख्य मार्गों से जोड़ने वाली नई सड़कों और बुनियादी ढांचे के विकास कार्यों को भी मंजूरी दी गई है।