कोलकाता: बांग्लादेश से भारत में सोने की तस्करी के खिलाफ राजस्व आसूचना निदेशालय (डीआरआई) ने कार्रवाई करते हुए 11.50 करोड़ रुपये से अधिक कीमत का करीब 7.8 किलोग्राम विदेशी मूल का सोना जब्त किया है। 8 और 9 अक्टूबर 2026 को पश्चिम बंगाल में चलाए गए अभियानों के दौरान छह लोगों को गिरफ्तार किया गया। जांच में तस्करी के लिए सड़क और रेल मार्गों के इस्तेमाल का पता चला है।
डीआरआई की कार्रवाई में एक वाहन से करीब 6.8 किलोग्राम सोने की 50 छड़ें बरामद की गईं। इसके अलावा मालदा टाउन और न्यू जलपाईगुड़ी रेलवे स्टेशन पर यात्रियों से करीब एक किलोग्राम सोना जब्त किया गया।
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डंकुनी टोल प्लाजा पर वाहन से मिलीं 50 सोने की छड़ें
डीआरआई कोलकाता की टीम ने डंकुनी टोल प्लाजा पर एक चार पहिया वाहन को रोककर तलाशी ली। वाहन में चार लोग सवार थे और वे बांग्लादेश सीमा के पास स्थित बनपुर से कोलकाता की ओर जा रहे थे।
तलाशी के दौरान वाहन से करीब 6.8 किलोग्राम वजन की 50 सोने की छड़ें बरामद हुईं। इनकी कीमत लगभग 10 करोड़ रुपये बताई गई है। कुछ छड़ों पर विदेशी निशान भी मिले।
डीआरआई के अनुसार, वाहन में सवार लोग सोने पर वैध कब्जे से संबंधित दस्तावेज पेश नहीं कर सके। विभाग ने बताया कि पूछताछ के दौरान उन्होंने बांग्लादेश के रास्ते भारत में विदेशी मूल के सोने की तस्करी में शामिल होने की बात स्वीकार की। गिरफ्तार चार लोगों में बनपुर सीमा क्षेत्र में सक्रिय गिरोह का कथित सरगना भी शामिल था।
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रेलवे स्टेशनों पर दो यात्री गिरफ्तार
इसी कार्रवाई के दौरान डीआरआई की टीम ने पश्चिम बंगाल के मालदा टाउन और न्यू जलपाईगुड़ी रेलवे स्टेशन पर ट्रेनों से उतर रहे यात्रियों की जांच की। इस दौरान दो यात्रियों के पास से करीब एक किलोग्राम विदेशी मूल का सोना बरामद हुआ, जिसकी कीमत लगभग 1.5 करोड़ रुपये बताई गई है।
जब्त सोना चूड़ियों और सोने की छड़ों के रूप में था। डीआरआई के मुताबिक, दोनों यात्री सोने की वैध खरीद से जुड़े दस्तावेज नहीं दिखा सके, जिसके बाद उन्हें गिरफ्तार कर लिया गया।
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प्रारंभिक जांच में सामने आया कि यह सोना त्रिपुरा में भारत-बांग्लादेश सीमा के पार तस्करी करके लाए गए सोने से तैयार किया गया था।
सड़क और रेल नेटवर्क पर डीआरआई की नजर
डीआरआई के इन अभियानों से संकेत मिला है कि बांग्लादेश से सटे सीमावर्ती इलाकों से सोने को देश के प्रमुख बाजारों तक पहुंचाने के लिए सड़क और रेल नेटवर्क का इस्तेमाल किया जा रहा है। जांच में बनपुर से कोलकाता की ओर जा रहे वाहन और पूर्वोत्तर से जुड़े रेल मार्गों के जरिए सोने की आवाजाही के मामले सामने आए हैं।
निदेशालय के अनुसार, खुफिया जानकारी के आधार पर की गई कार्रवाई के जरिए संगठित तस्करी नेटवर्क के खिलाफ अभियान जारी रखा जाएगा।







